आपको कहीं जरूरी काम से बाहर जाना है और बुकिंग के बाद कैब या ऑटो ड्राइवर उसे कैंसिल कर देता है। और ऐसा एक बार नहीं बार-बार हो। अगर कहीं जाने के लिए आप मोबाइल एप आधारित कैब एग्रीगेटर की ऑटो या कैब सर्विस का इस्तेमाल करते हैं, आपको इस अनुभव से जरूर दो-चार होना पड़ा होगा। लेकिन इस राज्य के यात्रियों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है। अगर कैब ड्राइवर कैब-हेलिंग एप के जरिए बुक की गई सवारी को कैंसिल करते हैं तो, अब ग्राहक परिवहन विभाग के पास शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
तमिलनाडु राज्य सरकार ने ये नए नियम लागू किए हैं। राज्य सरकार मोटर वाहन अधिनियम, 1988 की धारा 178 (3) (बी) के तहत जुर्माने में संशोधन करने जा रही है। टैक्सी (कैब) चालकों पर 500 रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा। जबकि ऑटो-रिक्शा और बाइक चालकों को अधिनियम की धारा 178(3)(ए) के तहत 50 रुपये का जुर्माना भरना होगा। परिवहन विभाग के इस कदम का यात्रियों ने स्वागत किया है, जिन्होंने ऐप-आधारित एग्रीगेटर्स के खिलाफ कई शिकायतें दर्ज की हैं। क्योंकि वे ड्राइवरों के खिलाफ उचित कार्रवाई करने में नाकाम रहे हैं।
कैब चालकों के खिलाफ यात्रियों ने की शिकायत
टैक्सी, ऑटो-रिक्शा और पेडीकैब ड्राइवरों के खिलाफ शिकायतें दर्ज की गईं, जिन्होंने यात्रियों द्वारा नकद के अलावा कोई अन्य पेमेंट ऑप्शन (भुगतान के विकल्प) चुनने पर बुकिंग रद्द कर दी। यह इस बात को भी साबित करता है कि चालक अवैध रूप से राशि जमा करते हैं। शहर के कुछ गंतव्यों की यात्राएं रद्द करने वाले टैक्सी चालकों के खिलाफ भी शिकायतें दर्ज की गईं।
गलती करने वाले ड्राइवरों पर जुर्माना लगाने पर कोई समस्या नहीं है। लेकिन सही लोगों पर इसका असर नहीं पड़ना चाहिए। उन्होंने यह बयान इसलिए दिया क्योंकि कभी-कभी स्कूली बच्चों को लेने वाले ड्राइवर स्कूल जाते समय यात्रियों की तलाश करते हैं। और वे अन्य गंतव्यों पर जाने के लिए बुकिंग करने वालों को ले जाने से मना कर देते हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक बुधवार से मोटर व्हीकल कानून का उल्लंघन करने पर संशोधित ट्रैफिक जुर्माना वसूला जाएगा।









