दिल्ली सरकार कोरोना वैक्सीन को लेकर सख्त हो गई है। शुक्रवार को दिल्ली की केजरीवाल सरकार ने सरकारी कर्मचारियों के लिए नया आदेश जारी किया है।राज्य सरकार ने आदेश में कहा है कि जिन सरकारी कर्मचारियों ने कोविड 19 की एक भी वैक्सीन नहीं लगवाई है उन्हें 16 अक्टूबर के बाद आफिस में एंट्री नहीं मिलेगी। कर्मचारी जिन्होंने कम से कम COVID19 वैक्सीन की पहली खुराक नहीं ली है, उन्हें 16 अक्टूबर से पहली खुराक का टीकाकरण तक कार्यालय में आने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
बता दें राज्य सरकारी की सख्तियों की वजह से दिल्ली में अब स्थिति धीेरे-धीरे पटरी पर आ रही है बाजार समेत अन्य सार्वजनिक प्लेस खोले जा रहे हैं लेकिन पिछले अनुभवों के आधार पर सरकार ने ढील देने के बिलकुल मूड में नजर नही आ रही है।प्रदेश सरकार दिल्लीवासियों को जल्द जल्द से जल्द टीका लगवाकर उन्हें और लोगों को सुरिक्षत करना चाहती है। यही कारण है कि वो एक के बाद एक नए नियम जारी कर रही है
ताकि अधिकांश पात्र लोग वैक्सीन लगवा लें। दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने इसी क्रम में 8 अक्टूबर को एक नया आदेश जारी करते हुए ये कहा कि सरकारी कर्मचारियों को 15 अक्टूबर तक कोरोना वैक्सीन डोज को लेना अनिवार्य है। जो इस आदेश का पालन नहीं करता है उसे अनुपस्थित मानते हुए ‘ऑन लीव’ मार्क कर दिया जाएगा। ये निमय 16 अक्टूबर से माना जाएगा।
डीडीएमए के स्टेट एग्जीक्यूटिव कमेटी के चेयरपर्सन और दिल्ली के चीफ सेक्रेटरी विजय देव ने शुक्रवार को ये आदेश जारी किया। इस आदेश से साफ हो चुका है कि 15 अक्टूबर से पहले सभी सरकारी कर्मचारी अपना कोरोना वैक्सीनेशन करवा लें। अगर वो अभी भी लापरवाही बरतते हैं तो उन्हें आफिस में घुसने नहीं दिया जाएगा और वो छुट्टी पर हैं ये मार्क कर दिया जाएगा।









