इस वक्त एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक कूड़े बीनने वाली एक बुजुर्ग महिला फर्राटेदार अंग्रेजी बोलती नजर आ रही है। महिला देखने में तो गरीब और अकेली नजर आ रही है लेकिन जब वो बोलना शुरू करती है तो अच्छे-अच्छों की बोलती बंद हो जाती है। दरअसल शचीना हेगर नाम की एक महिला ने अपने इंस्टाग्राम पर इस महिला के बारे में जानकारी देते हुए वीडियो शेयर किया है, जो कि देखते-देखते वायरल हो गया।
ये वीडियो बेंगलुरू का है। जहां के सदाशिवनगर इलाके में ये बुजुर्ग महिला कूड़ा बीनने का काम करती है, वो बता रही है कि वो 7 साल तक जापान में काम कर चुकी है। उसने अपना नाम सीसिलिया मार्गरेट लॉरेंस बताया है। बात करते-करते वो बीच में गाना भी गाने लगती है, यही नहीं उसने ये भी कहा कि वो एक कलाकार है और पहले मॉडलिंग भी कर चुकी है और इस वक्त यहां कूड़ा बीनने का काम करती है।
जब शचीना हेगर उससे पूछती हैं कि आप यहां अकेले रहती हैं तो वो ऐसा जवाब देती हैं, जिसे सुनने के बाद शचीना हेगर को उन्हें सॉरी बोलना पड़ा। दरअसल अकेले रहने के सवाल के बाद वो महिला तुरंत मदर मैरी की तस्वीर दिखाती हैं और कहती हैं, जो इनके साथ रहता है, वो क्या कभी अलोन या अकेला हो सकता है, जिस पर शचीना को उन्हें माफी मांगनी पड़ती है।
शीचना हेगर ने इस वीडियो को शेयर करते हुए लिखा कि ‘कहानियां हमेशा आपके आसपास होती हैं। आपको बस इतना करना है कि रुकें और चारों ओर देखें। कुछ ख़ूबसूरत तो कुछ दर्दभरी, लेकिन चंद फूलों के बिना ज़िंदगी क्या है…।’ इस वीडियो को अभी तक 18,427 likes मिल चुके हैं और लोग जमकर इस पर कमेंट भी कर रहे हैं।
आइये जानते है कुछ बेंगलुरू के बारे में भी
बेंगलुरु “भारत की सिलिकॉन वैली” या आईटी सिटी के रूप में लोकप्रिय है। बेंगलुरु शहर की जनसंख्या 84 लाख के आस-पास है । यह भारत गणराज्य का तीसरा सबसे बड़ा शहर और पांचवा सबसे बड़ा महानगरीय क्षेत्र है। 1004 ई० तक यह गंग वंश का भाग था। 1015 ई० से 1116 ई० तक चोल शासकों ने राज्य किया। पहले इसे कल्याणपुरी या कल्याण नगर के नाम से जाना जाता था। अंग्रेजों के आगमन के पश्चात ही बंगलौर को अपना यह अंग्रेजी नाम मिला था। साल 2014 से इसका नाम अधिकारिक रूप से बेंगलुरू हो गया।









