रायबरेली : महाराजगंज कस्बे स्थित महावी स्टेडी इस्टेट सीनियर सेकेंडरी कॉलेज महराजगंज में अंतर्राष्ट्रीय मातृभाषा दिवस पर अपनी मातृभाषा हिंदी के सम्मान में सपना सिंह रिया गुप्ता कृति मिश्रा कक्षा 10 श्रुति मिश्रा 12 ने पोस्टर के माध्यम से अपनी मातृभाषा के प्रति प्यार प्रदर्शित किया
बताते चलें प्रधानाचार्य कमल बाजपेई ने हिंदी मातृभाषा अवधि खड़ी बोली के विकास पर चर्चा की तथा मातृ भाषा हिंदी को रसों से सरोवर भाषा बताया मातृभाषा में हम अपनी अभिव्यक्ति बड़े ही ओजपूर्ण तरीके से करते हैं हमें अपने देश मातृभाषा पर गर्व होना चाहिए हर एक देश की अपनी राष्ट्र भाषा होती है परंतु अभी तक सबसे ज्यादा देश में बोली जाने वाली हिंदी को राष्ट्रभाषा का दर्जा प्राप्त हो नहीं हुआ है कमल बाजपेई ने कविता के माध्यम से हिंदी की उपेक्षा हेतु अपने विचार रखें
जो नारी श्रंगार अधूरा बिन माथे की बिंदी, भारत मां के भाल विराजे अपनी प्यारी हिंदी, शब्द शब्द सम्मान भरा है वाक्य सुनाते लोरी, नवरस इसे संवारते ज्यो गवने की मोरी, देश काल यह भाषा बोली हिंदी हमको प्यारी, बनी राष्ट्रभाषा अब तक ना यही वितरण भारी, इंतजार अब बहुत हो गया सरकारों ऐलान करो ,बात जोहते उम्र हो गई झोली भरो हमारी। इस सप्ताह के माध्यम से विद्यालय प्रांगण में छात्र-छात्राओं व अध्यापकों को के समक्ष अपने विचार रखें।
इस मौके पर हिंदी की अध्यापिका नीरू बाजपेई ने तथा स्वयं हिंदी के विषय में रस अलंकारों से परिचित कराते हुए हिंदी के सर्वश्रेष्ठ भाषा का दर्जा दिया इस अवसर पर सभी अध्यापक एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
रिपोर्ट : राम सुमेर









