MP: अंजनगाव सुर्जी | अमरावती | 11 अगस्त 2026: अमरावती जिले की अंजनगाव सुर्जी पंचायत समिति में भ्रष्टाचार का एक मामला सामने आया है। ग्रामपंचायत विभाग के विस्तार अधिकारी रविंद्र बाबुजी दारसिंबे को अमरावती लाचलुचपत प्रतिबंधक विभाग (ACB) की टीम ने 2 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोप है कि अधिकारी ने शासकीय काम से जुड़ी फाइल पर हस्ताक्षर करने के बदले शिकायतकर्ता से रिश्वत की मांग की थी।
MP: सिग्नेचर के बदले मांगे 2 हजार रुपये
मामला हिरापूर ग्रामपंचायत से जुड़ा है। यहां अनुसूचित जाति एवं नवबौद्ध घटक विकास योजना के तहत कांक्रीट सड़क का काम कराया गया था। इस कार्य का बिल आगे की प्रक्रिया के लिए भेजा जाना था। इसके लिए तैयार की गई फाइल पर विस्तार अधिकारी रविंद्र दारसिंबे के हस्ताक्षर आवश्यक थे।

आरोप है कि इसी हस्ताक्षर के बदले विस्तार अधिकारी ने 53 वर्षीय शिकायतकर्ता से 2 हजार रुपये की मांग की। सरकारी काम के लिए रिश्वत मांगे जाने से परेशान शिकायतकर्ता ने 10 अगस्त को अमरावती ACB से मामले की शिकायत की।
शिकायत के बाद ACB ने की जांच
शिकायत मिलने के बाद ACB अधिकारियों ने मामले की प्राथमिक जांच शुरू की। 11 अगस्त को की गई पड़ताल में विस्तार अधिकारी द्वारा रिश्वत की मांग किए जाने की पुष्टि हुई। इसके बाद ACB ने आरोपी अधिकारी को रिश्वत लेते हुए पकड़ने के लिए जाल बिछाया।
मंगलवार को अंजनगाव सुर्जी पंचायत समिति कार्यालय में ACB की टीम ने कार्रवाई की। जैसे ही विस्तार अधिकारी रविंद्र बाबुजी दारसिंबे ने शिकायतकर्ता से 2 हजार रुपये की रिश्वत स्वीकार की, टीम ने उन्हें रंगे हाथ पकड़ लिया।
पंचायत समिति कार्यालय में मचा हड़कंप
ACB की इस कार्रवाई के बाद पंचायत समिति कार्यालय में हड़कंप मच गया। सरकारी फाइल पर महज हस्ताक्षर करने के बदले रिश्वत मांगने का मामला सामने आने से स्थानीय स्तर पर भी चर्चा तेज हो गई है।
इस कार्रवाई ने सरकारी योजनाओं और ग्रामपंचायत से जुड़े कार्यों में कथित भ्रष्टाचार पर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल ACB की कार्रवाई के बाद मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है। साथ ही यह भी देखा जा रहा है कि इस प्रकरण में किसी अन्य अधिकारी या कर्मचारी की भूमिका सामने आती है या नहीं।










