उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2022 की शुरुआत से ही शुरू हुआ आसुंओं का सिलसिला खत्म नहीं हो रहा है। काई टिकट कटने पर आसूं बहा रहा है तो कोई भाजपा के शासन में हुए अत्याचार पर आसूं बहा रहा है। ताजा मामला सपा के कद्दावर नेता आजम खान के गढ़ रामपुर का है। जहां सपा की एक वर्चुअल बैठक के दौरान सांसद आजम खान के बेटे अब्दुल्ला आजम खान ने जमकर आसूं बहाए हैं। रामपुर के सपा कार्यालय में सपाईयों को संबोधित करते हुए जेल में माता-पिता का दर्द याद कर अब्दुल्ला आजम खान भावुक होकर रोने लगे। अब्दुल्ला आजम ने रोते-रोते अपने पिता आजम खान और मां तंजीन फातिमा पर जेल में दी गई यातनाओं को सपाइयों से साझा किया। बताया कि किस तरह उन्हें परेशान किया गया और उनके साथ आतंकियों जैसा बर्ताव किया गया, जो बेहद गलत है।
बता दें कि इससे पहले हुए लोकसभा चुनाव के दौरान सपा सांसद आजम खान ने भी लोगों के बीच मंच पर खूब आंसू बहाए थे। रामपुर के लोगों ने उनके आसुओं को बेकार नहीं जाने दिया और उन्हें वोट देकर सांसद बनाया। हलांकि उस दौरान फिल्म अभिनेत्री और रामपुर की पूर्व सांसद जयाप्रदा ने भी अपने ऊपर हुए अत्याचार को लेकर आंसू बहाए थे, लेकिन उन्हें कोई फायदा नहीं मिल सका था। अब इसी कड़ी में अब्दुल्ला आजम खान भी आंसू बहा रहे हैं। उन्हें उम्मीद हैं कि मतदाता उनके परिवार का दर्द समझेंगे और सपा प्रत्याशियों को जिताकर सपा की सरकार बनवाएंगे
दरअसल, अब्दुल्ला आजम खान ने तकरीबन 45 मिनट तक समाजवादी पार्टी कार्यालय पर एक वर्चुअल बैठक की। उन्होंने सपाईयों को संबोधित करते हुए कहा कि यूपी में सत्ता परिवर्तन के बाद से जितने भी केस मेरे व मेरे अब्बा आजम खान और अम्मी के खिलाफ दर्ज हुए। वह शासन प्रशासन की सोची समझी साजिश है। उन्होंने कहा कि आप जानते हैं क्या अब्बा बकरी चोर हैं? ना पायल चोर हैं, ना मिट्टी चोर हैं और ना भैंस चोर हैं। उन्होंने कोई चोरी नहीं की है, लेकिन उसके बावजूद फर्जी मुकदमे दर्ज करवाए गए हैं।
अब्दुल्ला आजम ने कहा कि मुझे और मेरी मां को कोर्ट से राहत मिली है। अब उम्मीद है कि पिता को भी कोर्ट से जरूर राहत मिलेगी। उन्होंने कहा कि पिता आजम खान 9 बार से विधायक हैं, वर्तमान में सांसद हैं और अब दसवीं बार विधायक की सीट पर चुनाव लड़ेंगे। आप सब लोग अपना वोट उन्हें दें, ताकि वह रामपुर को बेहतर बना सकें। रामपुर की तमाम सारी चीजों को ठीक कर सकें।









