मुस्लिम-दलित मिलकर वोट देते तो BJP हारती’, मायावती ने बताए BSP की हार के कारण

Facebook
X
WhatsApp

‘मुस्लिम और दलित वोटर  यदि एकजुट होकर वोट करते तो भाजपा की हार तय थी, लेकिन बहुजन समाज पार्टी की प्रमुख (BSP ) मायावती ने उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव  में अपनी पार्टी की ज़बरदस्त हार का ठीकरा मीडिया पर भी फोड़ा और अखिलेश यादव  की समाजवादी पार्टी पर भी. यूपी चुनाव में सिर्फ 1 सीट पर सिमट गई बसपा की हार की वजहों पर बातचीत करते हुए मायावती ने अपने कार्यकताओं को निराश न होने और आगे नयी रणनीति पर काम करने का संदेश भी दिया.

मायावती ने कहा कि “जातिवादी मीडिया” ने झूठी खबरें न फैलाई होतीं तो ये माहौल नहीं बनता और सपा को इतने वोट नहीं मिलते. सीधा गणित समझाते हुए उन्होंने कहा मीडिया ने चुनाव को भाजपा बनाम सपा बताकर प्रचार किया और बीएसपी के चुनाव अभियान  को खारिज कर दिया. इससे हुआ ये कि भाजपा विरोधी नेता भी बसपा में नहीं आए और वोट भी काटे गए. मायावती ने साफ आरोप लगाया कि जातिवादी मीडिया ने बसपा को भाजपा की ‘टीम बी’ कहकर गलत प्रचार किया और सपा का साथ दिया.मायावती ने दलित और मुस्लिम वोटरों के एकजुट होकर वोट करने की स्थिति में भाजपा के हार जाने की संभावना बताते हुए कहा कि मीडिया का दुष्प्रचार न होता

The specified slider does not exist.

ताजा खबरें