Ram Mandir Chadhava Chori: राम मंदिर में श्रद्धालुओं के चढ़ावे की कथित चोरी के मामले में गिरफ्तार आरोपी लवकुश मिश्रा की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। अब प्रशासन ने उनकी पत्नी के नाम पर बन रही एक इमारत को लेकर कार्रवाई शुरू कर दी है। अयोध्या विकास प्राधिकरण (ADA) ने कथित अवैध निर्माण को लेकर नोटिस जारी करते हुए एक सप्ताह के भीतर जवाब मांगा है। यदि संतोषजनक जवाब नहीं मिला तो संबंधित निर्माण पर बुलडोजर चलाने की कार्रवाई की जा सकती है।
Ram Mandir Chadhava Chori: पत्नी के नाम पर बन रही है इमारत
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, लवकुश मिश्रा की पत्नी के नाम पर निर्माणाधीन भवन की जांच के दौरान प्राधिकरण को निर्माण संबंधी नियमों के उल्लंघन की आशंका मिली है। इसी आधार पर नोटिस जारी कर भवन स्वामी से सभी आवश्यक दस्तावेज और निर्माण की वैधता से जुड़े प्रमाण प्रस्तुत करने को कहा गया है। (Ram Mandir Chadhava Chori) अधिकारियों का कहना है कि निर्धारित समय सीमा के भीतर जवाब नहीं मिलने या दस्तावेज संतोषजनक नहीं पाए जाने पर उत्तर प्रदेश नगर नियोजन एवं विकास से जुड़े नियमों के तहत ध्वस्तीकरण (बुलडोजर) की कार्रवाई की जाएगी।
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पहले से चल रही है चढ़ावा चोरी की जांच
लवकुश मिश्रा राम मंदिर में चढ़ावे की कथित चोरी के मामले में जांच एजेंसियों के निशाने पर हैं। इस मामले में पुलिस और अन्य संबंधित एजेंसियां वित्तीय लेनदेन, बैंक खातों और संपत्तियों की भी जांच कर रही हैं। जांच का दायरा लगातार बढ़ाया जा रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि कथित गड़बड़ी से अर्जित धन का इस्तेमाल कहीं संपत्ति बनाने या अन्य निवेश में तो नहीं किया गया। (Ram Mandir Chadhava Chori) प्रशासन अब आरोपी और उसके परिवार से जुड़ी संपत्तियों का रिकॉर्ड भी खंगाल रहा है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि संबंधित संपत्तियां वैध आय से खरीदी गई हैं या नहीं। इसी क्रम में पत्नी के नाम पर बन रही इमारत भी जांच के दायरे में आई है।
एक सप्ताह में देना होगा जवाब
अयोध्या विकास प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि नोटिस मिलने के बाद भवन स्वामी को निर्धारित अवधि के भीतर अपना पक्ष रखना होगा। (Ram Mandir Chadhava Chori) यदि तय समय में जवाब नहीं दिया गया या निर्माण नियमों के अनुरूप नहीं पाया गया, तो प्राधिकरण नियमानुसार अवैध हिस्से को ध्वस्त करने की कार्रवाई करेगा।
फिलहाल प्रशासन की इस कार्रवाई को राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले से जुड़े आरोपियों के खिलाफ बढ़ती सख्ती के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि, अंतिम कार्रवाई नोटिस के जवाब और जांच रिपोर्ट के आधार पर ही तय होगी।










