UP Assembly Election 2027: उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव से पहले योगी सरकार ने युवाओं और महिलाओं के लिए कई बड़े ऐलान किए हैं। सरकार ने 25 लाख युवाओं को 2,374 करोड़ रुपये की लागत से मुफ्त टैबलेट देने का फैसला किया है। वहीं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अगले छह महीनों में एक लाख युवाओं को सरकारी नियुक्ति पत्र देने का दावा किया है। सरकार का कहना है कि अलग-अलग विभागों और आयोगों की प्रक्रियाओं के जरिए नियुक्तियां की जाएंगी।
इसके साथ ही 60 वर्ष और उससे अधिक उम्र की महिलाओं को यूपी रोडवेज की बसों में आजीवन मुफ्त यात्रा की सुविधा देने का फैसला भी किया गया है। सरकार के मुताबिक यह सुविधा बुधवार से शुरू की जा रही है और इस पर हर महीने करीब 22.55 करोड़ रुपये का अतिरिक्त खर्च आएगा।
इन फैसलों को अगर 2027 के विधानसभा चुनाव के नजरिए से देखा जाए, तो सवाल उठना स्वाभाविक है कि क्या सरकार चुनाव से पहले अपने कामकाज का रिपोर्ट कार्ड और कल्याणकारी योजनाओं का संदेश जनता तक पहुंचाना चाहती है? खासकर युवाओं के लिए एक लाख सरकारी नियुक्तियों का ऐलान राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण है।
लेकिन दूसरी तरफ छात्रों और प्रतियोगी परीक्षार्थियों के सवाल भी अपनी जगह कायम हैं। उत्तर प्रदेश में अलग-अलग भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं, पेपर और परीक्षा व्यवस्था से जुड़ी शिकायतों को लेकर छात्र कई जगह आंदोलन कर चुके हैं। ऐसे में सरकार के सामने चुनौती सिर्फ नियुक्ति पत्र बांटने की नहीं, बल्कि यह भरोसा कायम करने की भी है कि भर्ती प्रक्रिया समयबद्ध, पारदर्शी और विवादों से मुक्त होगी।
यानी चुनावी मौसम में टैबलेट, नौकरी और मुफ्त बस सेवा के ऐलान सरकार के लिए राजनीतिक संदेश जरूर हैं, लेकिन युवाओं का असली सवाल यही रहेगा—नियुक्ति पत्र कब मिलेगा और भर्ती प्रक्रिया पर भरोसा कब पूरी तरह बहाल होगा ?









