Akhilesh Yadav: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण आज (1 फरवरी 2026) को संसद में देश का आम बजट पेश करेंगी। बजट पेश होने से पहले ही राजनीतिक प्रतिक्रियाएं तेज हो गई हैं। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने बजट को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है और इसके जरिए भाजपा की नीतियों पर सवाल खड़े किए हैं।
संसद भवन जाने से पहले मीडिया से बातचीत में अखिलेश यादव ने कहा कि जिस सरकार से जनता को कोई उम्मीद नहीं है, उसके बजट से भी कोई खास उम्मीद नहीं की जा सकती। (Akhilesh Yadav) उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि यह बजट आम जनता के लिए नहीं, बल्कि “1/20 लोगों”, यानी केवल 5 प्रतिशत लोगों के हित में बनाया जाता है। उनके अनुसार, भाजपा सरकार बजट के माध्यम से अपने चहेतों को फायदा पहुंचाने का काम करती है, जबकि गरीब, किसान और मजदूर की उपेक्षा की जाती है।
अखिलेश यादव ने कहा कि एक अच्छा बजट वही होता है, जिससे समाज के कमजोर तबके की खुशहाली सुनिश्चित हो। (Akhilesh Yadav) उन्होंने मोदी सरकार के पुराने वादों की याद दिलाते हुए सवाल किया कि कितने स्मार्ट सिटी वास्तव में बन पाए हैं और रोजगार सृजन व किसानों की आय दोगुनी करने के वादों का क्या हुआ। उन्होंने कहा कि जमीनी स्तर पर इन दावों का कोई असर नजर नहीं आता।
सपा प्रमुख ने शहरीकरण और प्रदूषण के मुद्दे को भी जोर-शोर से उठाया। (Akhilesh Yadav) उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार देश के लोगों को साफ पीने का पानी तक उपलब्ध नहीं करा सकी। इंदौर जैसे स्मार्ट सिटी में पानी पीने से लोगों की मौत का जिक्र करते हुए उन्होंने सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए।
इसके साथ ही उन्होंने राजधानी दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण का मुद्दा उठाते हुए कहा कि दुनिया के सबसे बड़े मंचों पर यह सवाल उठ रहा है कि भारत की हवा तक सुरक्षित नहीं है। उनके मुताबिक, प्रदूषण से न केवल लोगों की जान जा रही है, बल्कि इससे निवेश पर भी नकारात्मक असर पड़ रहा है। (Akhilesh Yadav) अखिलेश यादव के इन बयानों से साफ है कि आम बजट 2026 को लेकर विपक्ष का रुख आक्रामक रहने वाला है और संसद में सरकार को कड़े सवालों का सामना करना पड़ सकता है।















