Poonam Pandey fake death: पूनम पांडे, जिन्हें अपनी बोल्ड इमेज के लिए जाना जाता है, 2 फरवरी को सोशल मीडिया पर एक चौंकाने वाली खबर वायरल हुई। उनके निधन की खबर ने सभी को स्तब्ध कर दिया। मृत्यु का कारण सर्वाइकल कैंसर बताया गया था।
लेकिन, 24 घंटे बाद ही, पूनम पांडे ने खुद एक वीडियो जारी करके बताया कि वह जीवित हैं और यह सब एक जागरूकता अभियान था। (Poonam Pandey fake death) उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य महिलाओं को सर्वाइकल कैंसर के बारे में जागरूक करना था।
इस घटना ने पूरे देश में बहस छेड़ दी है। (Poonam Pandey fake death) कुछ लोग पूनम पांडे की तारीफ कर रहे हैं कि उन्होंने एक महत्वपूर्ण मुद्दे पर ध्यान आकर्षित करने के लिए एक अनोखा तरीका अपनाया। वहीं, कई लोगों ने इसे “पब्लिसिटी स्टंट” करार दिया है और उन पर लोगों की भावनाओं से खिलवाड़ करने का आरोप लगाया है।
फिल्म जगत के कई सितारों ने भी इस घटना पर प्रतिक्रिया दी है। अभिनेत्री रवीना टंडन ने पूनम पांडे की तारीफ करते हुए कहा कि “यह एक साहसिक कदम था”। वहीं, अभिनेता विवेक ओबेरॉय ने कहा कि “यह एक गलत तरीका था, लेकिन इसका उद्देश्य अच्छा था”।
महाराष्ट्र विधानसभा काउंसिल के सदस्य सत्यजीत तांबे ने मुंबई पुलिस से पूनम पांडे के खिलाफ एक्शन लेने की बात कही है। उन्होंने कहा कि “यह एक गंभीर मामला है और लोगों को गुमराह करने के लिए उन पर कार्रवाई होनी चाहिए”।
यह घटना निश्चित रूप से एक महत्वपूर्ण मुद्दे पर ध्यान आकर्षित करती है। सर्वाइकल कैंसर महिलाओं में होने वाला एक गंभीर कैंसर है, और इसके बारे में जागरूकता फैलाना महत्वपूर्ण है।
लेकिन, क्या पूनम पांडे का तरीका सही था? यह एक ऐसा प्रश्न है जिस पर बहस जारी रहने की संभावना है।
Poonam Pandey fake death: कुछ महत्वपूर्ण बातें
पूनम पांडे ने सर्वाइकल कैंसर के बारे में जागरूकता फैलाने के लिए अपनी “मौत” का नाटक किया।
इस घटना ने पूरे देश में बहस छेड़ दी है।
कुछ लोग पूनम पांडे की तारीफ कर रहे हैं, वहीं कई लोग इसे “पब्लिसिटी स्टंट” करार दे रहे हैं।
फिल्म जगत के कई सितारों ने भी इस घटना पर प्रतिक्रिया दी है।
महाराष्ट्र विधानसभा काउंसिल के सदस्य सत्यजीत तांबे ने मुंबई पुलिस से पूनम पांडे के खिलाफ एक्शन लेने की बात कही है।
आगे क्या?
यह देखना होगा कि पूनम पांडे के इस “मौत” नाटक का क्या परिणाम होता है। (Poonam Pandey fake death) क्या यह लोगों को सर्वाइकल कैंसर के बारे में जागरूक करने में सफल होगा? या यह सिर्फ एक पब्लिसिटी स्टंट के रूप में याद किया जाएगा?














