Prayagraj News: इलाहाबाद हाई कोर्ट ने एक ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए कहा है कि पति के कोमा में होने पर पत्नी को पति की संपत्ति को बेचने का अधिकार होगा। कोर्ट ने कहा कि यह अधिकार पत्नी को पति के इलाज के लिए दिया जा रहा है।
कोर्ट ने यह फैसला एक महिला की याचिका पर सुनाया है। महिला की पति कोमा में है और उसका इलाज लंबे समय से चल रहा है। महिला ने कोर्ट में याचिका दायर कर कहा था कि वह पति के इलाज के लिए उसकी संपत्ति को बेचना चाहती है, लेकिन उसे ऐसा करने की अनुमति नहीं मिल रही है।
कोर्ट ने याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा कि भारतीय कानून में इस मामले में कोई स्पष्ट प्रावधान नहीं है। कोर्ट ने कहा कि पति कोमा में है और वह खुद अपने इलाज का फैसला नहीं ले सकता है। ऐसे में पत्नी को पति की संपत्ति को बेचने का अधिकार दिया जाना चाहिए।
कोर्ट ने कहा कि पत्नी पति की संपत्ति को बेचकर उसके इलाज के लिए खर्च करेगी। इससे पति के इलाज में मदद मिलेगी।
Prayagraj News: फैसले की बड़ी बातें
कोर्ट ने कहा कि पति के कोमा में होने पर पत्नी को पति की संपत्ति को बेचने का अधिकार होगा।
यह अधिकार पत्नी को पति के इलाज के लिए दिया जा रहा है।
कोर्ट ने कहा कि भारतीय कानून में इस मामले में कोई स्पष्ट प्रावधान नहीं है।
कोर्ट ने कहा कि पत्नी पति की संपत्ति को बेचकर उसके इलाज के लिए खर्च करेगी।
यह फैसला महिलाओं के अधिकारों के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे महिलाओं को आर्थिक रूप से अधिक स्वायत्त होने में मदद मिलेगी।










