UP Budget Session: विधानमंडल के बजट सत्र की औपचारिक शुरुआत आज राज्यपाल आनंदीबेन पटेल के अभिभाषण से होगी। वर्ष 2026 के पहले सत्र का आगाज़ राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम’ से किया जाएगा, जिसके बाद राज्यपाल दोनों सदनों के संयुक्त सत्र में सरकार की नीतियों, उपलब्धियों और आगामी योजनाओं का खाका प्रस्तुत करेंगी। अभिभाषण के दौरान विधानसभा और विधान परिषद के सदस्य मुख्य मंडप में उपस्थित रहेंगे।
बजट सत्र के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस के आसार हैं। (UP Budget Session) विपक्ष, विशेषकर समाजवादी पार्टी, मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर), कोडीन कफ सिरप की कथित तस्करी, विदेश नीति से जुड़े मुद्दे, बेरोजगारी और महिला सुरक्षा जैसे सवालों को लेकर सरकार को घेरने की रणनीति बना रहा है। माना जा रहा है कि राज्यपाल के अभिभाषण के दौरान इन मुद्दों पर विपक्षी सदस्य विरोध दर्ज करा सकते हैं और हंगामा भी हो सकता है। इसी को देखते हुए विधानभवन और उसके आसपास सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं, ताकि सत्र की कार्यवाही शांतिपूर्ण ढंग से संचालित हो सके।
बजट सत्र की तैयारियों के तहत रविवार को सर्वदलीय बैठक और कार्यमंत्रणा समिति की बैठक आयोजित की गई थी। इन बैठकों में सभी राजनीतिक दलों के नेताओं ने सदन की कार्यवाही को सुचारू रूप से चलाने में सहयोग देने का आश्वासन दिया। सरकार की ओर से कहा गया है कि विपक्ष के सभी सवालों और चिंताओं का जवाब नियमों के तहत दिया जाएगा। (UP Budget Session) राज्यपाल के अभिभाषण के बाद सदन में आवश्यक विधायी कार्य निपटाए जाएंगे। मंगलवार को विधानसभा की कार्यवाही पूर्व एवं वर्तमान दिवंगत सदस्यों को श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद बुधवार तक के लिए स्थगित कर दी जाएगी। बुधवार को राज्य सरकार वित्तीय वर्ष 2026-27 का वार्षिक बजट सदन में प्रस्तुत करेगी, जिसे इस सत्र का सबसे अहम एजेंडा माना जा रहा है।
Also Read –Pawan Singh South Movie Song: पवन सिंह भोजपुरी और बॉलीवुड के बाद इस साउथ मूवी में गाएंगे गाना
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बजट सत्र से पहले कहा है कि सदन में स्वस्थ और सकारात्मक चर्चा होनी चाहिए। (UP Budget Session) उन्होंने कहा कि रचनात्मक बहस से प्रदेश के विकास को गति मिलती है और जनता से जुड़े मुद्दों का समाधान निकलता है। मुख्यमंत्री ने सभी सदस्यों से अपील की कि वे जनहित के विषयों पर सार्थक चर्चा करें और सदन के संचालन में किसी प्रकार की बाधा न डालें।
विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने भी सदस्यों से संवाद और सकारात्मक परिचर्चा की परंपरा को मजबूत करने की अपील की है। (UP Budget Session) उन्होंने कहा कि सहमति और असहमति लोकतंत्र का अभिन्न हिस्सा हैं और सभी सदस्यों को अपनी बात रखने का पूरा अवसर दिया जाएगा। आवश्यकता पड़ने पर देर शाम तक भी सदन की कार्यवाही संचालित की जा सकती है।















