रिपोर्ट -अंबुज श्रीवास्तव
UP News: प्रयागराज, 16 जुलाई। प्रयागराज में आज भगवान श्री जगन्नाथ जी की भव्य रथ यात्रा श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ निकाली गई। इस पावन रथ यात्रा का शुभारंभ 16 जुलाई से हुआ है, जो 24 जुलाई को भगवान श्री जगन्नाथ जी की घर वापसी (बहुदा यात्रा) के साथ संपन्न होगी।
भगवान श्री जगन्नाथ जी की रथ यात्रा केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि करोड़ों श्रद्धालुओं की अटूट आस्था, विश्वास और सनातन परंपरा का प्रतीक है। प्रतिवर्ष आषाढ़ मास के शुक्ल पक्ष की द्वितीया तिथि से आरंभ होने वाली यह पावन यात्रा ओडिशा के पुरी धाम से प्रारंभ होती है और देश-विदेश में भी श्रद्धापूर्वक आयोजित की जाती है। यह यात्रा विश्वभर के श्रद्धालुओं को अपनी ओर आकर्षित करती है।
रथ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं ने भगवान श्री जगन्नाथ जी के रथ को रस्सियों के माध्यम से खींचकर स्वयं को धन्य महसूस किया। ऐसी मान्यता है कि भगवान के रथ को खींचने का सौभाग्य प्राप्त होना अत्यंत पुण्यदायी होता है।
प्रयागराज में निकली इस भव्य शोभायात्रा में डीजे, भांगड़ा, ताशा-बाजा एवं आकर्षक चौकियों ने भक्तिमय वातावरण को और भी उल्लासपूर्ण बना दिया। पूरे मार्ग में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी और भगवान के जयघोष से वातावरण भक्तिरस में सराबोर हो गया।
यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विभिन्न स्थानों पर शरबत एवं शीतल पेयजल का वितरण किया गया, जिससे सेवा और समर्पण की भावना भी देखने को मिली।
इस भव्य धार्मिक आयोजन के व्यवस्थापक एवं संयोजक डॉ. महेन्द्र तिवारी रहे, जबकि कार्यक्रम के संरक्षक पदम जायसवाल ने आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। श्रद्धालुओं के उत्साह, अनुशासन और सहयोग से यह रथ यात्रा भक्ति, सेवा और सामाजिक समरसता का अद्भुत उदाहरण बनकर सामने आई।








