Andhra Pradesh Bus Accident: आंध्र प्रदेश से एक ऐसी दहला देने वाली खबर सामने आई है जिसने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। गुरुवार की सुबह जब लोग मीठी नींद सो रहे थे, तभी मारकापुरम जिले में मौत का तांडव हुआ। एक पल की चूक और देखते ही देखते 10 जिंदगियां राख के ढेर में बदल गईं। (Andhra Pradesh Bus Accident) यह हादसा इतना खौफनाक था कि यात्रियों को चीखने का मौका तक नहीं मिला और वे बस के अंदर ही जिंदा जल गए। क्या यह सिर्फ एक सड़क दुर्घटना थी या तेज रफ्तार का खूनी खेल? आइए जानते हैं उस काली सुबह की पूरी रोंगटे खड़े कर देने वाली कहानी, जिसने देखते ही देखते 40 हंसते-खेलते परिवारों की खुशियां छीन लीं।
Andhra Pradesh Bus Accident: खौफनाक टक्कर और धू-धू कर जलती मौत की बस
आंध्र प्रदेश के मारकापुरम जिले के रायावरम गांव के पास गुरुवार तड़के सुबह करीब 6:00 से 6:30 बजे के बीच मौत ने दस्तक दी। ‘हरिकृष्णा ट्रेवल्स’ की एक निजी बस तेलंगाना के निर्मल से आंध्र प्रदेश के नेल्लोर जिले की ओर जा रही थी। बस में करीब 40 यात्री सवार थे, जो अपनी मंजिलों तक पहुँचने का इंतजार कर रहे थे। (Andhra Pradesh Bus Accident) तभी अचानक सामने से आ रहे एक तेज रफ्तार टिपर ट्रक ने बस को ऐसी जोरदार टक्कर मारी कि धमाके की आवाज दूर-दूर तक सुनाई दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि पलक झपकते ही दोनों वाहनों में आग लग गई। चश्मदीदों के मुताबिक, आग की लपटें इतनी ऊंची थीं कि कोई भी बस के करीब जाने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहा था।
बस बनी लोहे का पिंजरा और जिंदा जल गए 10 बदनसीब
इस हादसे का सबसे डरावना और दुखद पहलू यह रहा कि टक्कर के तुरंत बाद लगी आग ने यात्रियों को संभलने का जरा भी मौका नहीं दिया। बस के पिछले हिस्से में बैठे लोग सबसे ज्यादा प्रभावित हुए। आग ने पूरी बस को बिजली की रफ्तार से अपनी चपेट में ले लिया, जिससे पीछे बैठे यात्री अंदर ही फंस गए। (Andhra Pradesh Bus Accident) धुएं और आग की भीषण लपटों के बीच वे बाहर निकलने का रास्ता नहीं ढूंढ पाए और 10 यात्री देखते ही देखते जिंदा जलकर राख हो गए। पुलिस के अनुसार, आग इतनी भयंकर थी कि बस और टिपर दोनों वाहन पूरी तरह जलकर खाक हो गए हैं। बस के अगले हिस्से में बैठे करीब 10 खुशकिस्मत यात्री किसी तरह खिड़कियों से कूदकर बाहर निकलने में कामयाब रहे, लेकिन पीछे बैठे लोगों के लिए वह बस एक जलता हुआ लोहे का पिंजरा बन गई।
मुख्यमंत्री की संवेदनाएं और जारी है जिंदगी की जंग
हादसे की खबर मिलते ही पुलिस और दमकल विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं और राहत कार्य शुरू किया। घायलों को तुरंत मारकापुरम के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां कई लोगों की हालत अब भी नाजुक बनी हुई है। आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने इस घटना पर गहरा दुख और शोक व्यक्त किया है। उन्होंने जिला अधिकारियों से बात कर घायलों को बेहतरीन मेडिकल सुविधाएं देने के निर्देश दिए हैं। (Andhra Pradesh Bus Accident) मुख्यमंत्री ने आशंका जताई है कि मृतकों का आंकड़ा अभी और बढ़ सकता है क्योंकि कई यात्री बुरी तरह झुलस गए हैं। स्थानीय विधायक कंडुला नारायण रेड्डी ने भी घटनास्थल का दौरा किया और पीड़ितों के परिजनों को ढांढस बंधाया।
पहचान की कोशिश और लापरवाह ड्राइविंग का नतीजा
फिलहाल पुलिस मृतकों की पहचान करने की कोशिश कर रही है, हालांकि शव इतनी बुरी तरह जल चुके हैं कि उनकी पहचान करना मुश्किल हो रहा है। बताया जा रहा है कि इनमें से कुछ यात्री कनिगिरी क्षेत्र के रहने वाले थे। शुरुआती जांच में सामने आया है कि सड़क के एक घुमाव पर टिपर ट्रक की रफ्तार बहुत ज्यादा थी, जिसके कारण ड्राइवर ने संतुलन खो दिया। (Andhra Pradesh Bus Accident) पुलिस अब इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या ट्रक ड्राइवर ने शराब पी रखी थी। (Andhra Pradesh Bus Accident) यह दर्दनाक सड़क हादसा एक बार फिर याद दिलाता है कि सड़कों पर बरती गई थोड़ी सी लापरवाही कितनी महंगी पड़ सकती है। प्रशासन अब यह सुनिश्चित करने में लगा है कि इस भयानक कांड के दोषियों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई हो।















