Indore Fire Accident: मध्य प्रदेश के इंदौर से एक दिल दहला देने वाली बड़ी घटना सामने आई है, जहां एक रिहायशी इलाके में लगी भयंकर आग ने पूरे परिवार को एक झटके में तबाह कर दिया। बंगाली चौराहे के पास हुए इस हादसे में अब तक 7 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 3 अन्य बुरी तरह से झुलसे हुए हैं और अस्पताल में जिंदगी के लिए जंग लड़ रहे हैं।
घटना के बाद पूरे इलाके में शोक की लहर है और प्रशासन हाई अलर्ट पर है। राहत और बचाव कार्य देर रात तक जारी रहा।
Indore Fire Accident: प्रशासन मुस्तैद, पूरी रात चला रेस्क्यू ऑपरेशन
जिले के कलेक्टर शिवम वर्मा ने घटना के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि आग पर काबू पा लिया गया है। मकान की दो मंजिलों को पूरी तरह खाली करा लिया गया है, जबकि तीसरी मंजिल की गहन जांच की जा रही है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि कोई व्यक्ति अंदर न रह गया हो। फायर ब्रिगेड और राहत टीमों ने पूरी रात मौके पर डेरा डाले रखा।
EV चार्जिंग बनी हादसे का बड़ा कारण
शुरूआती जांच में सामने आया है कि घर के बाहर खड़ी इलेक्ट्रिक कार चार्जिंग पर लगी थी। इसी दौरान शॉर्ट सर्किट हुआ और कार में आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और पूरे मकान को अपनी चपेट में ले लिया। घर के अंदर मौजूद लोगों को बाहर निकलने का तनिक भी मौका तक नहीं मिल पाया।
सिलेंडर धमाकों ने बढ़ाई तबाही
जानकारी के मुताबिक, घर में करीब 15 गैस सिलेंडर रखे हुए थे। जैसे ही आग वहां पहुंची, एक के बाद एक 4 सिलेंडर फट गए। धमाके इतने ज़बरदस्त थे कि आसपास के इलाके में भयंकर रूप से दहशत फैल गई और मकान का बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया।
खुशियों का माहौल पलभर में मातम में बदला
हादसे के वक़्त घर में पारिवारिक कार्यक्रम चल रहा था, जिसमें कई रिश्तेदार भी शामिल थे। इसी कारण जनहानि अधिक हुई। कुछ ही पलों में जश्न का माहौल चीख-पुकार और मातम में बदल गया।
संकरी गलियों ने बढ़ाई मुश्किलें
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक आग तेजी से फैलने के साथ-साथ संकरी गलियों के कारण फायर ब्रिगेड को राहत कार्य में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। हालांकि, कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया।
लापरवाही पड़ सकती है भारी
यह हादसा स्पष्ट रूप से संकेत देता है कि इलेक्ट्रिक वाहनों की चार्जिंग के दौरान सावधानी बरतना बहुत ही आवश्यक है। साथ ही, घर में बड़ी संख्या में गैस सिलेंडर रखना भी गंभीर खतरा बन सकता है। छोटी सी लापरवाही भी बड़ी त्रासदी का कारण बन सकती है।















