कोरोना संकट के बाद तेजी से बढ़ती महंगाई को लेकर कांग्रेस महासचिव व उत्तर प्रदेश प्रभारी प्रियंका गांधी ने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर तीखा हमला बोला है। प्रियंका गांधी ने शुक्रवार 18 जून को सोशल मीडिया साइट फेसबुक पर घर के बजट से संबंधित दाल, चीनी की रेट लिस्ट शेयर की है। रेट लिस्ट शेयर करने के साथ ही प्रियंका गांधी ने लिखा, ‘कोरोना संकट के बीच जनता की आशा थी सरकार उन्हें राहत देगी, लेकिन सरकार उनके लिए “आहत योजना” लेकर आई है।’
प्रियंका गांधी ने सोशल मीडिया साइट फेसबुक पर घर के बजट से संबंधित रेट लिस्ट शेयर की है। रेट लिस्ट शेयर करने के साथ ही लिखा, ‘कोरोना संकट के बीच जनता की आशा थी सरकार उन्हें राहत देगी, लेकिन सरकार उनके लिए “आहत योजना” लेकर आई है। 2021 में 52 बार पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ चुके हैं। सरसों का तेल, रिफाइंड, अरहर, मूंग दाल व चीनी के दामों में आग लगी हुई है। जनता अपना पेट काट रही है, मोदी सरकार जेब काट रही है।
पेट्रोल-डीजल महंगा होने से बढ़ा मालभाड़ा दरअसल, पेट्रोल और डीजल के दामों में इजाफा होने से जरूरी वस्तुओं को एक से दूसरे शहर या राज्य ले जाने ट्रकों का भाड़ा बढ़ गया है। नतीजन आवश्यक वस्तुओं तक पर इसका सीधा असर पड़ रहा है। ट्रकों का मालभाड़ा करीब 30 से 40 तक बढ़ गया है। परिवहन विकास ट्रस्ट के प्रवक्ता जगदीश गुप्त अग्रहारी के मुताबिक, बीते एक साल से डीजल के दाम लगातार बढ़ने से ट्रकों से माल भाड़े पर सीधा असर पड़ा है। लखनऊ के ट्रांसपोर्टनगर से ट्रक भाड़े की बुकिंग प्रति कुंतल 30 रुपए तक बढ़ गई है।
इससे पहले प्रियंका गांधी ने कहा, ‘चुनाव आते ही भाजपा सरकार अपने “विकास के कारनामों” का खर्रा लेकर आपके पास पहुंचेगी। तब जनता की जिम्मेदारी होगी कि भाजपा को असलियत दिखाए। भाजपा ने वाराणसी समेत देश में 100 स्मार्ट सिटी का वादा किया था। प्रधानमंत्री जी ने कहा था कि वाराणसी को “क्योटो” बना देंगे। लेकिन शहर का सूरतेहाल आपके सामने है। बेसिक सुविधाओं का काम भी पूरा नहीं हुआ है। भाजपा को केवल स्मार्ट जुमले परोसने आते हैं।
दरअसल, पेट्रोल और डीजल के दामों में इजाफा होने से जरूरी वस्तुओं को एक से दूसरे शहर या राज्य ले जाने ट्रकों का भाड़ा बढ़ गया है। इसका सीधा असर आवश्यक वस्तुओं पड़ रहा है। ट्रकों का मालभाड़ा करीब 30 से 40 तक बढ़ गया है। परिवहन विकास ट्रस्ट के प्रवक्ता जगदीश गुप्त अग्रहारी के मुताबिक, बीते एक साल से डीजल के दाम लगातार बढ़ने से ट्रकों से माल भाड़े पर सीधा असर पड़ा है। लखनऊ के ट्रांसपोर्टनगर से ट्रक भाड़े की बुकिंग प्रति कुंतल 30 रुपए तक बढ़ गई है।













