UP News: उत्तर प्रदेश विधानसभा में कांग्रेस और बसपा का दफ्तर छीन लिया गया है। (UP New) इन दोनों दलों के दफ्तरों को सपा को दे दिया गया है। यह फैसला विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने लिया है।
इस फैसले के पीछे का कारण यह है कि कांग्रेस और बसपा दोनों ही दल 2022 के विधानसभा चुनाव में हार गए थे। (UP New) कांग्रेस ने महज दो सीटें जीती थीं, जबकि बसपा को एक भी सीट नहीं मिली थी। इसलिए इन दोनों दलों को विधानसभा में छोटे दलों के लिए निर्धारित स्थान दिया गया है।
इससे पहले, कांग्रेस और बसपा का दफ्तर विधानसभा के मुख्य भवन में था। लेकिन अब उन्हें विधानसभा के परिसर में एक अन्य भवन में स्थान दिया गया है। इस भवन में सपा का पहले से ही दफ्तर था।
इस फैसले से कांग्रेस और बसपा दोनों ही दलों को बड़ा झटका लगा है। (UP New) कांग्रेस ने इस फैसले को निराधार बताया है। (UP New) पार्टी ने कहा है कि यह फैसला सत्ता के दुरुपयोग का एक उदाहरण है।
UP News: कांग्रेस और बसपा ने जताई नाराजगी
कांग्रेस और बसपा दोनों ने इस बदलाव पर नाराजगी जताई है। कांग्रेस ने कहा है कि यह बदलाव विधानसभा में लोकतंत्र का अपमान है। बसपा ने कहा है कि यह बदलाव सपा को फायदा पहुंचाने के लिए किया गया है।
बसपा ने भी इस फैसले की निंदा की है। पार्टी ने कहा है कि यह फैसला लोकतंत्र के लिए हानिकारक है। (UP New) इस फैसले से सपा को बड़ा फायदा हुआ है। पार्टी के पास अब विधानसभा में एक बड़ा दफ्तर होगा। इससे पार्टी के कार्यकर्ताओं को आसानी होगी।















