मध्य प्रदेश सरकार अब घर-घर जाकर छात्र-छात्राओं को अनाज बांटेगी। ग्रामीण इलाकों में प्राथमिक शाला के छात्र-छात्राओं को 1 किलो 300 ग्राम चावल, 6 किलो 600 ग्राम गेहूं, जबकि माध्यमिक शाला के छात्र-छात्राओं के लिए 1 किलो 950 ग्राम चावल, 9 किलो 150 ग्राम गेहूं दिया जा रहा है।
बताया जाता है कि शहरी इलाकों के अनलॉक होते ही 1 जून से मध्यान्ह भोजन के अनाज का वितरण किया जाएगा. शहरी क्षेत्र के स्कूलों में सीमित संख्या में बच्चों को स्कूल बुलाया जाएगा. प्रति 10 छात्रों को स्कूल बुलाने के बाद अनाज का वितरण किया जाएगा. सोशल डिस्टेंसिंग और कोरोना गाइडलाइंस को ध्यान में रखते हुए अनाज का वितरण करने को लेकर स्कूल शिक्षा विभाग ने सभी प्राचार्यो को निर्देश दे दिए हैं.
गौरतलब है कि कोरोना की वजह से प्रदेश के सारे स्कूल बंद हैं. अब जाकर धीरे-धीरे राहत मिल रही है. प्रदेश में कोरोना अब काबू में होता दिख रहा है. गुरुवार को सामने आए आंकड़ों के मुताबिक पॉजिटिविटी रेट 2.8% हो गया है. प्रदेश के सिर्फ दो जिलों भोपाल और इंदौर ही ऐसे हैं जहां पॉजिटिव आने वाले मरीजों की संख्या 100 से ज्यादा है. बाकी सब जगह ये आंकड़ा 100 से नीचे है. यहां तक कि ग्वालियर और जबलपुर में भी अब कोरोना कंट्रोल में है. सरकारी आंकड़ों के मुताबिक बीते 24 घंटे में प्रदेश में कोरोना के 1977 नए केस आए हैं. प्रदेश का साप्ताहिक पॉजिटिविटी रेट 4% और आज का पॉजिटिविटी रेट 2.8% है.
पिछले 24 घंटों में 6888 मरीज स्वस्थ हुए हैं और एक्टिव मरीजों की संख्या 38327 हो गई है. प्रदेश के दो जिलों इंदौर और भोपाल में ही 100 से अधिक नए केस आए हैं. इंदौर में 533 और भोपाल में कोरोना के 409 नए केस आए हैं. इसके अलावा तीन जिलों जबलपुर (99), सागर (96) और ग्वालियर (51) में 50 से अधिक मरीज मिले.













