गोंडा जिला कारागार में बंद कैदी की मौत हो गई तो उसके शव को अस्पताल के गेट पर लावारिस की तरह फेंक दिया गया। इसकी जानकारी होने पर जिलाधिकारी ने सीएमओ से रिपोर्ट मांगी है। सीएमओ डा. राधेश्याम केसरी ने कहा कि मामले की जांच शुरू करा दी गई है। जेल प्रशासन से पूरे मामले की रिपोर्ट मांगी गई है। फिलहाल इस तरह परिवार के लोगों को बिना जानकारी दिए शव को गेट पर फेंके जाने से लोगों में आक्रोश है।
इस घटना से जेल और जिला प्रशासन की बड़ी लापरवाही और संवेदनहीनता उजागर हुई है। बताया जा रहा है कि कैदी की मौत के बाद उसका शव काफी देर तक लावारिस हालत में गेट पर पड़ा रहा। सूचना पर लोग पहुंचे तो आनन फानन अस्पताल कर्मी शव को उठाकर लाए और मर्चरी की फर्श पर डाल दिया।
मृतक के पुत्र अंकित पांडेय ने डीएम से जेल और अस्पताल प्रशासन के रवैये की शिकायत करते हुए सूचना न देने का भी आरोप लगाया है। सीएमओ डा. राधेश्याम केसरी ने बताया कि डीएम के निर्देश पर जांच की जा रही है। जो भी दोषी होगा कार्रवाई की जाएगी। जेल प्रशासन से भी पूरी रिपोर्ट मांगी गई है।













