हिमाचल प्रदेश में सोमवार को मूसलाधार बारिश के कारण बादल फटने और अचानक आई बाढ़ ने कहर बरपाया जिसमें धर्मशाला , भागसू गांव और अन्य प्रमुख पर्यटन स्थलों में सार्वजनिक संपत्तियों को व्यापक नुकसान पहुंचा है।हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश के कारण स्थिति पर कड़ी नजर रखी जा रही है। अधिकारी राज्य सरकार के साथ मिलकर काम कर रहे हैं। पीएम नरेंद्र मोदी ने बताया कि हर संभव सहयोग दिया जा रहा है। मैं प्रभावित क्षेत्रों में लोगों की सुरक्षा के लिए प्रार्थना करता हूं।
वहीं इस मामले को संज्ञान में लेते हुए गृह मंत्री अमित शाह ने ट्वीट कर बताया कि उन्होंने इस आपदा को लेकर राज्य के सीएम जय राम ठाकुर के साथ बात की है और यह भी आश्वासन दिया कि पहाड़ी में बचाव अभियान के लिए एनडीआरएफ की एक टीम भेजी है जो रास्ते में है। उन्होंने यह भी कहा कि केंद्र हिमाचल प्रदेश को संकट से उबारने के लिए हर तरह की सहायता मुहैया कराएगा। एनडीआरएफ डीजी एसएन प्रधान एएनआई स्थानीय प्रशासन की आवश्यकताओं के अनुसार, एनडीआरएफ की और टीमें वहां भेजी गई हैं
वहीं हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने बताया कि धर्मशाला में आई बाढ़ में अब तक किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। सभी उपायुक्तों और एसपी को सतर्क रहने और पर्यटन स्थलों का नियमन करते रहने का आदेश दिया गया है। उन्होंने कहा मैं सभी पर्यटकों से उच्च जोखिम वाले क्षेत्रों में जाने से बचने की अपील करता हूं। बता दें धर्मशाला से 58 किलोमीटर दूर कांगड़ा जिले में भी भारी बारिश हुई और इलाके के होटलों को भारी नुकसान हुआ है। कांगड़ा के अलावा, हिमाचल प्रदेश के कई अन्य जिलों में भी गर्म मौसम के बाद भारी बारिश हुई है। इलाके के दृश्यों में भारी जलभराव और पार्क किए गए वाहनों और होटलों में पानी घुसने से पानी तेजी से बहता हुआ दिखाई दे रहा है।
स्थानीय लोगों ने अचानक आई बाढ़ का एक वीडियो साझा किया, जहां क्षेत्र में जलभराव और अचानक आई बाढ़ के बाद एक छोटे से नाले ने नदी का रूप ले लिया। सोमवार को क्षेत्र में बादल फटने की सूचना के बाद अचानक बाढ़ आई जिसके कारण लगातार बारिश हुई। जिले में बाढ़ जैसे क्षेत्रों के बाद प्रशासन ने इलाके को अलर्ट पर रखा है। अधिकारी अलर्ट पर हैं और राज्य प्रशासन लगातार बाढ़ पर नजर रखे हुए है।













